भगवान के नाम का रस यदि पीना आ जाए तो उसका जीवन कभी नीरस नहीं होता- स्वामी ज्ञानानंद जी महाराज ‘‘जो इस दरबार में अर्जी तेरी मंजूर हो जाए तो गुनाहों का समुन्दर तुझसे कोसों दूर हो जाए’’ पर भाव विभोर हुए श्रद्धालु
अम्बाला शहर श्री कृष्ण कृपा गीता मंदिर सैक्टर-8 में नाम रस की महिमा पर प्रकाश डालते हुए महामण्डलेश्वर गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद जी महाराज ने कहा कि भजन भाव का एक अलग ही आनन्द होता है। उन्होंने कहा कि रस कई प्रकार के होते हैं लेकिन जीव को यदि भगवानContinue Reading










